Monday, 28 March 2016

पुछथीन चन्द्रमा बहीनी सुरज भइया से बतीया - छठ के गीत ८७

पुछथीन चन्द्रमा बहीनी सुरज भइया से बतीया - छठ के गीत ८७

पुछथीन चन्द्रमा बहीनी सुरज भइया से बतीया।
कहँमा लागल हो भइया एहो अति देरिया।
बाटे भेटल गे बहीना बाझीन तीरियबा।
पुत्र देअइते गे बहीन लागल अति देरिया।


हमारी जीवन गाथा - कविता - पार्ट २

हमारी जीवन गाथा - कविता - पार्ट २ पार्ट - २ जीवन का ये वृक्ष अनोखा, कभी न रहता खाली| शिक्षा को जीवन से जोड़े, अपनों को अपने से ...